मुख्य सामग्री पर जाएँ

durga · puja-vidhi

चंडी पाठ और हवन विधि — अग्नि सहित दुर्गा सप्तशती

गृहस्थ हेतु चंडी पाठ-हवन रूपरेखा: शुद्धि, आवश्यकता पर पुरोहित सहयोग, अध्याय आहुतियाँ और दुर्गा आरती।

समय: हवन सहित 3–6 घंटे

पूजा वेदी का चित्र
चित्र: विकिमीडिया कॉमन्स

चंडी पाठ दुर्गा सप्तशती का वाचन है। हवन के संग यह गंभीर व्रत है — प्रायः नवरात्रि या भारी विघ्न में। शुद्ध उच्चारण आवश्यक है; पूर्ण पाठ हो तो प्रशिक्षित वाचक बुलाएँ।

सामग्री

  • दुर्गा सप्तशती ग्रंथ, लाल वस्त्र, लाल पुष्प
  • हवन कुंड, घी, समिधा, तिल और कपूर
  • स्वच्छ जल, रोली, अक्षत और फूल
  • धूप, घी या तेल दीप, कपूर और घंटी
व्हाट्सऐपटेलीग्राम

पूजा के चरण

  1. 1

    शुद्धि और संकल्प

    स्नान करें, लाल या हल्के वस्त्र पहनें, और किसी व्यक्ति के द्वेष बिना उद्देश्य कहें। गणेश और कलश से आरंभ करें।

  2. 2

    पाठ

    क्षमता और पुरोहित सलाह अनुसार कीलक, कवच, अर्गल और तेरह अध्याय पढ़ें। अक्षर गढ़ें नहीं।

  3. 3

    हवन

    पाठ के बाद निर्धारित मंत्रों पर घी आहुति दें। पूर्णाहुति, दुर्गा आरती और वाचकों को दक्षिणा से समाप्त करें।

मंत्र

ॐ दुं दुर्गायै नमः

व्हाट्सऐपटेलीग्राम

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या शुरुआती साधक प्रतिदिन संक्षिप्त चंडी पढ़ सकता है?
मार्गदर्शन सहित दैनिक दुर्गा मंत्र, चालीसा, या एक अध्याय — जल्दबाज पूर्ण सप्तशती से सुरक्षित है।

आज का पंचांग

इस पाठ के लिए तिथि, मुहूर्त और आज के पर्व।

पंचांग गणना हो रही है…

संबंधित लेख

देवी दुर्गा की मूर्ति
durgaaarti

दुर्गा आरती — जय अम्बे गौरी

देवी अम्बे गौरी की स्तुति में क्लासिक दुर्गा आरती, दुष्टों का संहार करने वाली और आशीर्वाद देने वाली दिव्य माता।

और पढ़ें
durga की मूर्ति
durgachalisa

दुर्गा चालीसा

श्री दुर्गा चालीसा पाठ (Durga Chalisa): नमो नमो दुर्गे सुख करनी। नमो नमो दुर्गे दुःख हरनी॥

और पढ़ें
durga की मूर्ति
durgamantra

दुर्गा मंत्र

या देवी सर्वभूतेषु मातृ-रूपेण संस्थिता। , सर्वमंगल मांगल्ये शिवे सवार्थ साधिके, ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डाय विच्चे, ॐ शं शैलपुत्री देव्यै: नम:।

और पढ़ें
माँ दुर्गा की मूर्ति
durgapuja-vidhi

दुर्गा पूजा विधि — माँ की गृह आराधना

नवरात्रि या जब भी माँ की रक्षा और शक्ति चाहें — दुर्गा पूजा की चरणबद्ध गृह विधि।

और पढ़ें
पूजा वेदी का चित्र
durgapuja-vidhi

नवरात्रि पूजा विधि — घटस्थापना और नौ रात्रियाँ

घर पर शरद या चैत्र नवरात्रि: कलश स्थापना, माँ का दैनिक स्वरूप, सरल व्रत, और प्रति संध्या दुर्गा आरती।

और पढ़ें
राजा रवि वर्मा द्वारा माँ काली
kalichalisa

काली चालीसा

Maa Kali Chalisa (माँ काली चालीसा)- जयकाली कलिमलहरण, महिमा अगम अपार

और पढ़ें
पूजा वेदी का चित्र
rampuja-vidhi

अखंड रामायण पाठ विधि — अविरल गृह पाठ

परिवार अखंड रामचरितमानस या रामायण पाठ कैसे रखते हैं: पाली, वेदी नियम, समापन आरती और छोटा हवन।

और पढ़ें