guru · bhajan
हे प्रभु आनंद-दाता — प्रातः ज्ञान प्रार्थना
कक्षा और घर की प्रार्थना जो ज्ञान, स्वच्छ वाणी और गुरु-सेवा माँगती है — उषा और गुरु पूर्णिमा पर गाई जाती है।

सीधे बैठें। इतनी धीमी गति गाएँ कि बच्चे टेक पकड़ सकें। गुरु के चित्र के पास पुस्तक या दीप रखें।
यह प्रार्थना अध्ययन के आरंभ की है, संगीत सभा की नहीं। छोटे गुरु मंत्र के बाद प्रत्येक पद एक बार गाएँ और हे प्रभु आनंद-दाता पर लौटें। वसंत पंचमी हो तो सरस्वती आरती बाद में गा सकते हैं।
भजन के बोल
हे प्रभु आनंद-दाता ज्ञान हमको दीजिये, शीघ्र सारे दुर्गुणों को दूर हमसे कीजिए
लीजिये हमको शरण में, हम सदाचारी बनें, ब्रह्मचारी धर्म-रक्षक वीर व्रत धारी बनें
निंदा किसी की हम किसी से भूल कर भी न करें, ईर्ष्या कभी भी हम किसी से भूल कर भी न करें
सत्य बोलें, झूठ त्यागें, मेल आपस में करें, दिव्य जीवन हो हमारा, यश तेरा गाया करें
जाये हमारी आयु हे प्रभु लोक के उपकार में, हाथ डालें हम कभी न भूल कर अपकार में
कीजिए हम पर कृपा ऐसी हे परमात्मा, मोह मद मत्सर रहित होवे हमारी आत्मा
प्रेम से हम गुरु जनों की नित्य ही सेवा करें, प्रेम से हम संस्कृति की नित्य ही सेवा करें
योग विद्या ब्रह्म विद्या हो अधिक प्यारी हमें, ब्रह्म निष्ठा प्राप्त कर के सर्व हितकारी बनें
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- यह प्रार्थना किसे अर्पित है?
- गुरु और ज्ञानदाता को। गुरु पूर्णिमा पर गुरु मंत्र के बाद; वसंत पंचमी पर सरस्वती आरती के बाद।
आज का पंचांग
इस पाठ के लिए तिथि, मुहूर्त और आज के पर्व।
संबंधित लेख

गुरु मंत्र
Guru Vandna | GURU BRAHMA GURU VISHNU GURU DEVO MAHESHWARA | गुरुर्ब्रह्मा ग्रुरुर्विष्णुः गुरुर्देवो महेश्वरः । गुरुः साक्षात् परं ब्रह्म तस्मै श्री गुरवे नमः ॥
और पढ़ें
गुरु पूर्णिमा पूजा विधि — आषाढ़ पूर्णिमा कृतज्ञता
गुरु हेतु आषाढ़ पूर्णिमा विधि: पादुका या चित्र, पीला अर्पण, और गुरु स्तोत्र।
और पढ़ें
शिक्षक दिवस पूजा विधि — गुरु का सम्मान
5 सितंबर को जीवित शिक्षक और गुरु-तत्त्व हेतु बैठक: पुस्तक, पीला वस्त्र, और गुरुर्ब्रह्मा श्लोक।
और पढ़ें
सरस्वती आरती
Saraswati Aarti (सरस्वती आरती)- जय सरस्वती माता, मैया जय सरस्वती माता। सदगुण वैभव शालिनी, त्रिभुवन विख्याता ॥ॐ..॥
और पढ़ें
सरस्वती चालीसा
Shri Saraswati Chalisa (श्री सरस्वती चालीसा)- जनक जननि पद्मरज, निज मस्तक पर धरि। बन्दौं मातु सरस्वती, बुद्धि बल दे दातारि॥
और पढ़ें
अच्युतम केशवं कृष्ण दामोदरं — नाम भजन
अच्युत, केशव, कृष्ण और जानकीवल्लभ का नाम-भजन — राम नवमी, विजयादशमी और सुंदरकाण्ड बैठक में गाया जाता है।
और पढ़ें
छोटे छोटे घुँगरू — हनुमान बाल भजन
छोटे घुँगरू और राम नाम का हनुमान नृत्य-भजन — मंगलवार और हनुमान जयंती पर बच्चों के साथ गाया जाता है।
और पढ़ें